छत्तीसगढ़ में नौतपा की आहट से पहले ही सूर्यदेव ने अपने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। शनिवार को पत्थलगांव विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत तमता और आसपास के इलाकों में भीषण गर्मी का प्रकोप देखा गया। दोपहर 2:00 बजे के करीब यहां का अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियसरिकॉर्ड किया गया।
हैरान करने वाली बात यह रही कि सीधे धूप में खड़े रहने पर गर्मी का अहसास यानी ‘रियल फील’ (RealFeel) 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिसने लोगों को हलाकान कर दिया। दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा और लोग घरों में ही दुबके रहने को मजबूर दिखे।
वही भीषण गर्मी के बीच दोपहर में बीते एक सप्ताह से विद्युत आपूर्ति भी जवाब दे दे रही है जहां ठीक 10 बजे के बाद आवा जाहि से भी लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है
मौसम विज्ञानियों (गूगल सर्च)के अनुसार, भले ही सामान्य तापमान 44 डिग्री दर्ज किया गया हो, लेकिन हवा की दिशा और शुष्कता के कारण छांव में भी तापमान 42 डिग्री (RealFeel Shade)जैसा महसूस हो रहा है। वहीं, वातावरण में उमस और गर्मी के मिश्रण से बनने वाला हीट इंडेक्स भी 41 डिग्री पर बना हुआ है, जिससे लोगों को छांव में भी राहत नहीं मिल रही है।
इस संबंध में पत्थलगांव बीएमओ डॉ जेम्स मिंज ने लोगों को जरूरी संदेश देते हुवे कहा कि दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच जब तक बहुत जरूरी न हो, घर से बाहर न निकलें। प्यास न भी लगे, तो भी लगातार पानी, ओआरएस (ORS) का घोल, नींबू पानी, छाछ या लस्सी पीते रहें।बाहर निकलते समय पूरे शरीर को ढकने वाले सूती कपड़े पहनें, सनग्लासेस लगाएं और छाते का उपयोग जरूर करें। इस मौसम में हीट स्ट्रोक (लू लगना) का खतरा सबसे ज्यादा बच्चों और बुजुर्गों को होता है, उन्हें ठंडी जगहों पर रखें।




