सुरेश सोनी की रिपोर्ट :-
नारायणपुर : नक्सल प्रभावित क्षेत्र में युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ने और उनमें राष्ट्र के प्रति विश्वास तथा विकाश की भावना जगाने की दिशा में भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल 38 वी वाहिनी के द्वारा सराहनीय पहल किया गया वाहिनी के नेतृत्व में जिले के विभिन्न अति नक्सल प्रभावित इलाके आदेर, अड्जूम, ईदवाया, लंका एवं गुदाड़ी से 30 विद्यार्थी 15 युवक एवं 15 युवतियों को 17 वे आदिवासी युवा आदान प्रदान कार्यक्रम 2025/26 के तहत चेन्नई (तमिलनाड़ू) भ्रमण के लिये 21 नवम्बर को भेजा गया।
यह कार्यक्रम 23 से 29 नवम्बर तक चेन्नई तमिलनाड़ू में आयोजित किया जाएगा। युवाओं की इस टीम को चेन्नई तक पहुंचाने के लिए 38 वी वा भारत सीमा पुलिस बल के सामरिक मुख्यालय मुंजमेटा कैम्प जिला नारायणपुर से दिनांक 21 नवम्बर को रवाना किया गया है। कार्यक्रम ग्रह मंत्रालय और यूवा कल्याण एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार की संयुक्त पहल के तहत नेहरू युवा केन्द्र के सोनजय से प्रतिवर्ष आयोजित किया जाता है।
नारायणपुर से रवाना की गई यह टीम इस कार्यक्रम के तहत् चेन्नई तमिलनाड़ू जा रही है। रवानगी से पूर्व 38 वी वाहिनी के द्वितीय कमान अशोक कुमार सिंह ने दल के सदस्यों से आत्मीय संवाद किया उन्हें प्रेरित किया और हरी झंडी दिखाकर टीम को रवाना किया इस अवसर पर उप सेनानी ज्ञान चन्द 38 वी वाहिनी एवं सहायक सेनानी राम कुमार मौर्या 38 भी वाहिनीं सहित अन्य अधिकारी एवं जवान भी मौजूद रहे।चेन्नई प्रवास के दौरान युवा दल देश के प्रमुख ऐतिहासिक सांस्कृतिक और शैक्षणिक स्थलों का भ्रमण करेंगे तथा राष्ट्रीय स्तर के गणमान्य व्यक्तियों से मुलाकात करेंगे ।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में आत्मविश्वास बढ़ाना राष्ट्र के प्रति जुड़ाव की भावना विकसित करना और समग्र व्यक्तित्व विकास को प्रोत्साहित करना है। भारत तिब्बत सीमा पुलिस की यह पहल ना केवल युवाओं में देशभक्ति और आत्मनिर्भरता की भावना को सशक्त करेगी बल्कि नक्सल प्रभावित इलाको में शान्ति और प्रगति की नई राह भी खोलेगी।



