नागेश साहू की रिपोर्ट:-
मुंगेली | छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के सेतगंगा-फास्टरपुर क्षेत्र के दुल्लापुर गांव में डायरिया फैला है। डायरिया से एक व्यक्ति की मौत हो गई है। वहीं करीब 35 से 40 लोगों का इलाज जारी है। जिसमें से 12 मरीजों को जिला अस्पताल मुंगेली में दाखिल कराया गया है। एक डायरिया पीड़ित 45 वर्षीय मरीज पनकू निषाद की इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं जिले के दुल्लापुर के अलावा डंगनिया, टेढाधौरा, घोघरा, नवापारा और पड़ियायिन में भी डायरिया के मरीज मिलने शुरू हो गए हैं।दूषित पानी पी रहे ग्रामीण
डायरिया को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है। प्रभावित लोगों तक इलाज और राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में पानी की सप्लाई होने वाले पाइप में लीकेज की वजह से दूषित पानी पीना पड़ रहा है। इसके चलते उल्टी दस्त की समस्या हो रही है। स्थिति ये हो गई कि 36 से ज्यादा लोग गांव में डायरिया के चपेट में आ गए हैं। कुछ ग्रामीणों में सरकारी अस्पताल में इलाज में लापरवाही बरतने के आरोप भी लगाए हैं।
स्वास्थ्य अमला अलर्ट मोड पर
कलेक्टर राहुल देव ने कहा कि डायरिया को लेकर प्रशासन और स्वास्थ्य अमला अलर्ट मोड पर है। डायरिया पीड़ित गांव और लोगों तक उपचार और राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। उन्होंने कहा कि स्थिति नियंत्रण में है। किस वजह से डायरिया की चपेट में लोग आ रहे हैं, उसके निराकरण को लेकर भी काम किया जा रहा है। स्वास्थ्य अमला दूरस्थ अंचल के गांवों में भी बाढ़ और नदी को क्रॉस कर नाव के सहारे लोगों का उपचार करने और दवाई और राहत सामग्री पहुंचाने जा रहा। उन्होंने निजी अस्पतालों से भी अपील की है कि डायरिया के प्रकरण आने पर प्राथमिकता और गंभीरता के साथ उपचार करें।



