खैरागढ़ से संजय सिंह की रिपोर्ट:-
जन यानी हम — आप, हम सभी नागरिक।
तंत्र यानी वह व्यवस्था — जो हमारे समाज को दिशा देती है।
और जब जन और तंत्र मिलकर किसी संकल्प को जीवन्त करते हैं, तब सशक्त और स्वच्छ राष्ट्र की नींव रखी जाती है।
निर्मल त्रिवेणी महाअभियान के प्रारंभ से ही विभिन्न नगरपालिका के पूर्व अधिकारियों ने सतत सहयोग देकर इस अभियान को मजबूती प्रदान की है।
वर्तमान सीएमओ साहब की सक्रिय रुचि और सकारात्मक दृष्टिकोण से इस अभियान को नई ऊर्जा प्राप्त हो रही है — जो सराहनीय और प्रेरक है।
आज टिकरापारा उद्यान में सफाई अभियान एवं पौधारोपण कार्य किया गया।
यह श्रमदान केवल सफाई नहीं — बल्कि “स्वच्छता को संस्कार” के रूप में अपनाने का संकल्प है।
आइए, निरंतर श्रमदान से संगीत नगरी खैरागढ़ को स्वच्छ भारत मिशन के संकल्प में अग्रणी पंक्ति में खड़ा करें।
क्योंकि सेवा ही साधना है, और स्वच्छता ही राष्ट्र सेवा का सर्वोत्तम रूप है।



