सुरेश सोनी की रिपोर्ट :-
बस्तर संभाग। CRMC (नक्सल क्षेत्र प्रोत्साहन राशि) के 11–12 माह से लंबित भुगतान के विरोध में बस्तर संभाग के सभी जिलों में सोमवार से सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों की OPD सेवाएं पूरी तरह बंद कर दी गईं। नारायणपुर, दंतेवाड़ा, बीजापुर, सुकमा, कोंडागांव, कांकेर और बस्तर (जगदलपुर) में जिला अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC), प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) और सब-हेल्थ सेंटर—सभी जगह सुबह और शाम की OPD पर ताले लटकते नजर आएँगे।
डॉक्टरों, स्टाफ नर्सों, RMA, ANM और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों का कहना है कि बार-बार ज्ञापन, बैठकों और मंत्रियों के आश्वासन के बावजूद भुगतान आदेश जारी नहीं किए गए, जिससे वे आंदोलन के लिए मजबूर हुए। पहले चरण में संध्या OPD बहिष्कार किया गया था, लेकिन शासन की उदासीनता के चलते अब पूर्ण OPD बहिष्कार का कदम उठाया गया है।
स्वास्थ्यकर्मियों ने स्पष्ट किया कि आपातकालीन, प्रसूति और जीवनरक्षक सेवाएं जारी रहेंगी, ताकि जनहित प्रभावित न हो। हालांकि OPD बंद होने से दूरदराज़ क्षेत्रों से आए मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा ।
आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी है कि जब तक CRMC की राशि सभी पात्रों के खातों में जमा नहीं होती, तब तक OPD बहिष्कार जारी रहेगा। बस्तर जैसे अति-संवेदनशील नक्सल प्रभावित क्षेत्र में स्वास्थ्य व्यवस्था का इस तरह ठप होना शासन के लिए गंभीर चेतावनी माना जा रहा है।



