अमित दुबे की रिपोर्ट
बिलासपुर। सेंट जेवियर्स स्कूल से जुड़े नाबालिग छात्रा से दुष्कर्म के चर्चित मामले को लेकर सर्वसेन (श्रीवास) समाज में भारी आक्रोश देखने को मिला। समाज के पदाधिकारियों एवं बड़ी संख्या में समाजजनों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया और आरोपी के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई। इस दौरान कलेक्ट्रेट परिसर “दुष्कर्म के आरोपी को फांसी दो”, “बेटियों को न्याय दो” और “महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करो” जैसे नारों से गूंज उठा।
प्रदर्शन के बाद सर्वसेन समाज के प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति एवं राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपा। ज्ञापन में मामले की त्वरित एवं निष्पक्ष जांच कर दोषी को कठोरतम दंड देने की मांग की गई। समाज के लोगों ने कहा कि नाबालिग बच्चियों के साथ होने वाले अपराध समाज के लिए गंभीर चिंता का विषय हैं और ऐसे मामलों में त्वरित न्याय आवश्यक है।
इस अवसर पर सर्वसेन समाज के प्रमुख पदाधिकारी त्रिलोक चंद श्रीवास ने कहा कि नाबालिग बच्चियों के साथ होने वाले जघन्य अपराध किसी भी सभ्य समाज के लिए शर्मनाक हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में दोषियों के खिलाफ कानून के तहत सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति इस प्रकार का अपराध करने का साहस न कर सके। उन्होंने कहा कि समाज बेटियों की सुरक्षा और सम्मान के लिए पूरी मजबूती के साथ खड़ा है तथा पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करेगा।
त्रिलोक चंद श्रीवास ने यह भी कहा कि समाज की मांग है कि मामले की सुनवाई तेजी से पूरी कर दोषी को कड़ी सजा दिलाई जाए। उन्होंने प्रशासन से महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाने तथा शैक्षणिक संस्थानों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की मांग की।
प्रदर्शन में शामिल समाजजनों ने कहा कि अपराधी चाहे कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, उसे कानून के दायरे में लाकर दंडित किया जाना चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से केंद्र और राज्य सरकार से भी महिलाओं एवं बच्चियों के विरुद्ध अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए कठोर नीतियां लागू करने की मांग की गई।
कलेक्ट्रेट परिसर में हुए इस प्रदर्शन के दौरान समाज के अनेक पदाधिकारी, युवा, महिलाएं एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में पीड़ित पक्ष को न्याय दिलाने और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने की मांग दोहराई। समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि जब तक पीड़ित को न्याय नहीं मिलता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।




