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शहीद परीवार के परिजनों को मुख्य अतिथि ने शॉल और श्रीफल भेंटकर किया सम्मानित।
बुलंद टाइम्स न्यूज/सुरेश सोनी
नारायणपुर। राष्ट्रीय पर्व स्वतंत्रता दिवस की 80वें वर्षगांठ नारायणपुर जिले में पूरे हर्षाेल्लास के साथ मनाई गई। हर वर्ष की भांति इस बार भी मुख्य समारोह जिला मुख्यालय के शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खेल मैदान में आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कोंडागांव विधायक सुश्री लता उसेंडी ने ध्वजारोहण कर परेड की सलामी ली। मुख्य अतिथि ने कलेक्टर नम्रता जैन और पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल के साथ परेड का निरीक्षण करने के बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के जनता के नाम संदेश का वाचन किया। साथ ही एकता और अखंडता का संदेश देते रंग-बिरंगे गुब्बारे नील गगन में छोड़े गए। राष्ट्रगान के साथ ही हर्ष फायर किया गया। स्वतंत्रता दिवस समारोह परेड का नेतृत्व परेड कमांडर उप पुलिस अधीक्षक अमृता पैकरा एवं उप कमाण्डर सुबेदार विक्रम सिंह ने किया।

परेड में सीमा सुरक्षा बल नारायणपुर सशस्त्र टोली, भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल सशस्त्र टोली, 16वीं वाहिनी छ.ग. सशस्त्र बल मुख्यालय नारायणपुर (सशस्त्र टोली), जिला पुलिस बल नारायणपुर सशस्त्र पुरूष टोली, जिला पुलिस बल नारायणपुर सशस्त्र महिला टोली, नगर सेना नारायणपुर (महिला) (सशस्त्र टोली), स्वामी आत्मानंद शासकीय महाविद्यालय नारायणपुर बालक सीनियर एनसीसी, रामकृष्ण मिशन विवेकानंद विद्यापीठ नारायणपुर बालक एन.सी.सी. टोली, शास. कस्तुरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय सुलेंगा बालिका – एस.पी.सी (स्टूडेंट पुलिस कैडेट), रामकृष्ण मिशन विवेकानंद विद्यापीठ नारायणपुर बालिका – एन.सी.सी. टोली, शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नारायणपुर बालिका स्काउट गाईड, स्वामी आत्मानंद हिन्दी माध्यम शासकीय विद्यालय महावीर चौक नारायणपुर बालक स्काउट गाईड और रामकृष्ण मिशन विवेकानंद विद्यापीठ नारायणपुर बैण्ड दल ने भाग लिया, जिसमें प्रथम स्थान नगर सेना नारायणपुर (महिला) (सशस्त्र टोली), द्वितीय स्थान सीमा सुरक्षा बल नारायणपुर सशस्त्र टोली, तृतीय स्थान जिला पुलिस बल नारायणपुर सशस्त्र महिला टोली और शस्त्र रहित में प्रथम स्थान रामकृष्ण मिशन विवेकानंद विद्यापीठ नारायणपुर बालक एन.सी.सी. टोली, द्वितीय स्थान रामकृष्ण मिशन विवेकानंद विद्यापीठ नारायणपुर बालिका एन.सी.सी. टोली एवं तृतीय स्थान रामकृष्ण मिशन विवेकानंद विद्यापीठ नारायणपुर बैण्ड दल ने प्राप्त किया।
सांस्कृति कार्यक्रम में 08 विद्यालयों ने भाग लिया, जिसमें सेजेस सिंगोड़ीतराई (सिनियर वर्ग), उ.प्रा. शा. बंगलापारा (जुनियर वर्ग), सेजेस बखरूपारा (सिनियर वर्ग ), सरस्वती शिशु मंदिर कुम्हारपारा (जुनि.वर्ग), पोटा केबिन देवगांव (जुनियर वर्ग), कस्तुरबा बालिका आवासीय विद्यालय (जुनियर वर्ग), सरस्वती शिशु मंदिर कुम्हारपारा (सिनि.वर्ग), सेजेस महावीरचौक (सिनियर वर्ग) शामिल हैं। इस सांस्कृतिक कार्यक्रम में जूनियर वर्ग में प्रथम स्थान पोटा केबिन देवगांव, द्वितीय स्थान उ.प्रा. शा. बंगलापारा, तृतीय स्थान सरस्वती शिशु मंदिर कुम्हारपारा और सीनियर वर्ग में प्रथम स्थान सेजेस बखरूपारा, द्वितीय स्थान सेजेस महावीरचौक तथा तृतीय स्थान सरस्वती शिशु मंदिर कुम्हारपारा ने प्राप्त किया।
समारोह में 28 शहीदों के परिजनों को मुख्य अतिथि द्वारा शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। मुख्य समारोह में जिले के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले लोगों को मुख्य अतिथि ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कोंडागांव विधायक सुश्री लता उसेंडी ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के संदेश का वाचन करते हुए कहा कि स्वतंत्रता दिवस का यह पावन पर्व माँ भारती की वंदना का दिन है। आज हम भारत माता के उन सभी महान सपूतों को नमन कर रहे हैं, जिन्होंने देश की आज़ादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। आज का दिन देश की एकता, अखण्डता की गौरवशाली यात्रा से प्रेरणा लेकर यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के विकसित भारत के संकल्प को मजबूत करने का है। भारत का महान स्वतंत्रता संग्राम महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, डॉ. भीमराव अंबेडकर, वीर सावरकर सहित असंख्य स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग और बलिदान की अमर गाथा है।
स्वतंत्रता के इस पावन अवसर पर हम धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा, शहीद वीर नारायण सिंह और वीर गुंडाधुर के संघर्ष को श्रद्धापूर्वक नमन करते हैं। गेंद सिंह, धुरवा राव, यादव राव, वेंकट राव, डेबरी धुर, आयतु माहरा जैसे हमारे नायकों की स्मृति हमेशा हमें प्रेरित करती रहेगी। यह वर्ष डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती का है। उन्होंने कश्मीर से धारा 370 हटाने के लिए संघर्ष किया था। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटाई गई। हमने भी छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता लागू करने की दिशा में कदम बढ़ाया है।
स्वतंत्रता दिवस की यह वर्षगांठ कई अभूतपूर्व उपलब्धियां लेकर आई है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के साहसिक नेतृत्व में नक्सल मुक्त भारत का संकल्प पूरा हो चुका है। आज पूरा देश वामपंथी उग्रवाद को जड़ से उखाड़ फेंकने वाले हमारे वीर जवानों के पराक्रम तथा उनकी शहादत को नमन कर रहा है।
माओवाद से मुक्त होकर बस्तर के हर कोने में लोग तिरंगा यात्रा के जरिए स्वतंत्रता का उत्सव मना रहे हैं। बस्तर की सर्वांगीण प्रगति, प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व वाली डबल इंजन सरकार के सबसे बड़े लक्ष्यों में शामिल है। इसका जीवंत उदाहरण है जगदलपुर में राष्ट्रीय स्तर की मध्य क्षेत्रीय परिषद की 26वीं बैठक का आयोजन, जिसमें केन्द्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह जी सहित चार राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने सहभागिता की।
अब बस्तर के नवनिर्माण का स्वर्णिम समय है। ‘नियद नेल्ला नार 2.0’ और ‘बस्तर मुन्ने अभियान’ के जरिए हम विकास योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचा रहे हैं। 31 योजनाओं और 14 सामुदायिक सुविधाओं के शत-प्रतिशत सेचुरेशन से हम बस्तर संभाग के 39 लाख से अधिक लोगों को लाभान्वित कर रहे हैं।
बस्तर में नक्सल हिंसा के चलते बंद पड़े स्कूलों को हमने दोबारा प्रारंभ कराया। साथ ही 36 नए स्कूल भी स्वीकृत किए हैं। ओरछा और जगरगुंडा जैसे सुदूर क्षेत्रों में हम एजुकेशन सिटी विकसित कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान’ के माध्यम से हमने बस्तर के 34 लाख से अधिक लोगों की स्वास्थ्य जांच कर उनकी हेल्थ प्रोफाइल तैयार की है। बस्तर में अभी 85 फीसदी परिवारों की मासिक आय 15 हजार रुपए से कम है। लगभग 10 लाख परिवारों की आय बढ़ाने के लिए 4,824 करोड़ रूपए की ‘आजीविका उन्नयन योजना’ तैयार की गई है।
मुख्य समारोह में पद्मश्री पण्डीराम मंडावी, जिला पंचायत अध्यक्ष नारायण मरकाम, नगर पालिका अध्यक्ष इंद्रप्रसाद बघेल, उपाध्यक्ष जयप्रकाश शर्मा, वरिष्ठ नागरिक बृजमोहन देवांगन, गौतम एस गोलछा, जिला एवं जनपद पंचायत सदस्यगण, नगरपालिका के पार्षदगण, कलेक्टर नम्रता जैन, पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल, सीईओ जिला पंचायत आकांक्षा शिक्षा खलखो, अपर कलेक्टर श्री बीरेन्द्र बहादुर पंचभाई, एसडीएम अभयजीत मंडावी, प्रभारी सहायक आयुक्त सुनील सोनपिपरे, जिला शिक्षा अधिकारी महेंद्रनाथ पांडे, जिले के अधिकारी-कर्मचारी, पत्रकारगण, शिक्षक शिक्षिकाएं एवं छात्र छात्राएं, जनप्रतिनिधि सहित आमजन मौजूद थे।




