गणेश ब्यूरो चीफ :-
जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में गौवंश तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन शंखनाद के तहत पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। यह कार्रवाई थाना लोदाम क्षेत्र में दर्ज गौ तस्करी के एक मामले में की गई।
डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के नेतृत्व तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार पाटनवार के मार्गदर्शन में पुलिस द्वारा गौवंश तस्करी और पशुओं के अवैध परिवहन के विरुद्ध कार्रवाई की जा रही है।
नेशनल हाईवे पर पिकअप से मिले थे 11 गौवंश
पुलिस के अनुसार, 7 दिसंबर 2025 को मुखबिर से सूचना मिली थी कि पिकअप वाहन क्रमांक JH-10-BS-8773 में गौवंशों को भरकर अवैध रूप से परिवहन किया जा रहा है। सूचना पर लोदाम पुलिस ने ग्राम भलमंडा के पास नेशनल हाईवे पर नाकाबंदी की। पुलिस को देखकर वाहन में सवार लोग अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। पुलिस ने पिकअप वाहन जब्त कर उसमें से 11 गौवंशों को मुक्त कराया था। मामले में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
पूछताछ में सामने आए थे दो अन्य आरोपियों के नाम
विवेचना के दौरान पुलिस ने पहले आरोपी मंजीत जांगड़े (23 वर्ष), निवासी ग्राम चंद्रपुर, जिला सक्ती को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में दो अन्य संदिग्धों बसी अहमद और इमरोज खान के नाम सामने आए थे। इसके बाद से दोनों फरार चल रहे थे।
पुलिस के मुताबिक, 26 अक्टूबर 2026 को मुखबिर की सूचना पर टीम ने लोदाम के बाजार डांड़ क्षेत्र से बसी अहमद (35 वर्ष), निवासी ग्राम साईं टांगरटोली, जिला जशपुर को पकड़ा। वहीं, दूसरे आरोपी इमरोज खान (40 वर्ष), निवासी ग्राम बरगीडांड, थाना रायडीह, जिला गुमला, झारखंड को उसके गृह क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया।
मोटरसाइकिल, मोबाइल और नकदी जब्त
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से एक हीरो HF डीलक्स मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन और 1,000 रुपये नकद जब्त किए हैं। दोनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
इनकी रही महत्वपूर्ण भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी लोदाम निरीक्षक कृष्ण कुमार साहू तथा आरक्षक बसंत खुटिया, बूटा सिंह, जगजीवन यादव, अजय यादव और जशवंत मिंज की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि गौवंश तस्करी और अवैध परिवहन में शामिल लोगों के विरुद्ध कार्रवाई जारी रहेगी। फरार आरोपियों की तलाश कर उनके खिलाफ नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।




