अमित दुबे की रिपोर्ट:-
रतनपुर : रतनपुर शासकीय महामाया महाविद्यालय रतनपुर की अव्यवस्थित व्यवस्थाओं और छात्र समस्याओं को लेकर आज एनएसयूआई ने कॉलेज प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। एनएसयूआई के प्रदेश उपाध्यक्ष शशांक (लक्की) मिश्रा और प्रदेश सचिव राजा रावत के नेतृत्व में सैकड़ों छात्रों ने महाविद्यालय प्राचार्य को 10 सूत्रीय मांगों का विस्तृत ज्ञापन सौंपा।
एनएसयूआई नेताओं ने कहा कि रतनपुर का यह प्रमुख महाविद्यालय आसपास के अनेक ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों के लिए शिक्षा का सबसे बड़ा माध्यम है, लेकिन व्यवस्थाओं की बदहाली के कारण छात्रों को लगातार कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इन समस्याओं के निराकरण हेतु आज छात्र नेताओं—मानस ताम्रकार, आदित्य साहू, माही राजपूत सहित बड़ी संख्या में उपस्थित छात्र-छात्राओं के साथ यह ज्ञापन सौंपा गया।

एनएसयूआई की 10 प्रमुख छात्रहित मांगें
1️⃣ मुख्य भवन (एडमिशन कक्ष) में बड़े शेड का निर्माण तथा पंखों की व्यवस्था, ताकि छात्रों को धूप और गर्मी से राहत मिल सके।
2️⃣ चार वर्षों से बंद अध्ययन कक्ष (वाचनालय भवन) को तत्काल खुलवाया जाए।
3️⃣ परिसर में स्थित वाई-फाई कनेक्शन को सुधारकर छात्रों को ऑनलाइन अध्ययन की सुविधा दी जाए।
4️⃣ एडमिशन स्टाफ द्वारा छात्रों के साथ उचित व्यवहार एवं सही जानकारी सुनिश्चित की जाए।
5️⃣ सुरक्षा को देखते हुए मुख्य गेट पर उच्च गुणवत्ता वाला सीसीटीवी कैमरा लगाया जाए।
6️⃣ पीने के पानी की टंकियों की हर माह सफाई सुनिश्चित कर शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाए।
7️⃣ महाविद्यालय परिसर में किसी भी राजनीतिक दल की गतिविधियों पर रोक लगाई जाए।
8️⃣ छात्रों के फार्म में त्रुटि होने पर निवारण महाविद्यालय स्तर पर ही किया जाए।
9️⃣ सभी बाथरूमों की नियमित सफाई सुनिश्चित की जाए।
🔟 महाविद्यालय लाइब्रेरी में एनईपी 2020 के अनुरूप नई पुस्तकों की उपलब्धता कराई जाए।
प्राचार्य ने दिया आश्वासन
ज्ञापन सौंपने के दौरान एनएसयूआई प्रतिनिधिमंडल ने प्राचार्य से विस्तृत चर्चा की। प्राचार्य ने सभी बिंदुओं को गंभीरता से लेते हुए जल्द ही समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया।
एनएसयूआई की चेतावनी – मांगें पूरी न होने पर उग्र आंदोलन
प्रदेश उपाध्यक्ष शशांक (लक्की) मिश्रा ने चेतावनी देते हुए कहा—
“छात्रों से दुर्व्यवहार बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर कॉलेज प्रशासन समयसीमा में इन मांगों को पूरा नहीं करता है, तो एनएसयूआई बड़ा आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेगी।”
प्रदेश सचिव राजा रावत ने भी कहा
“एनएसयूआई सदैव छात्र हितों की लड़ाई लड़ती आई है। यदि मांगें लंबित रखी गईं, तो आंदोलन अनिवार्य होगा और इस बार आंदोलन बड़ा और निर्णायक होगा।”
ज्ञापन सौंपने में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं की मौजूदगी
माही राजपूत, आदित्य साहू, मानस ताम्रकार, संस्कार, अरविंद, अभिषेक, प्रिंस, पायल साहू, जयंती साहू, निकिता सारथी, संजना, रंजिता, पल्लवी, सुमन राजपूत सहित अनेक छात्र और छात्राएं इस ज्ञापन कार्यक्रम में शामिल रहे।
एनएसयूआई के इस कदम से कॉलेज प्रशासन पर तत्काल कार्रवाई का दबाव बढ़ गया है। छात्रों ने उम्मीद जताई कि जल्द ही समस्याओं के समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे, अन्यथा आंदोलन की तैयारी पूरी है।



