नागेश साहू की रिपोर्ट :-
रायपुर-मुंगेली/ मुंगेली जिला जहा 4 बार सांसद और सात बार के विधायक पुन्नू लाल मोहलेजी और राज्य के उप मुख्यमंत्री अरूण सावजी तथा केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू का गृह जिला है। मुंगेली जिला की अगर बात करे तो विकास के नाम पर उपलब्धि शून्य है लेकिन अगर भ्रष्टाचार की बात करे राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त कर चुके है। भ्रष्टाचार मुक्ति का नारा लेकर सत्ता में आई भाजपा की सरकार अब खुद भ्रष्टाचारियों पर कार्यवाही करने के बजाय पदोन्नति कर उन्हे पुरस्कृत किया जा रहा है, जिन भ्रष्टाचारियों को सलाखों के पीछे होना चाहिए वे उन्हें संरक्षण दे रहे है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय हमेशा कहते हैं कि राज्य में भ्रष्टाचार को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जायेगा, जिसके चलते उन्होंने कई अहम फैसले भी लिए।
भ्रष्टाचार, शासकीय राशि के गबन और घोटालों की पर्याय बनी मुंगेली नगर पालिका वर्तमान में अपनी बदहाली पर खुब आंसू बहा रही है। मुंगेली नगर पालिका के हाईप्रोफाइल मवेशी बाजार की वसूली राशि के गबन मामले में पुलिस ने अपराध तो दर्ज कर लिया है, जिसके बाद जांच में सीएमओ मोरिस राज सिंह जो कि मुंगेली नगर पालिका के तत्कालीन सहायक राजस्व निरीक्षक थे, और तत्कालीन कैशियर यतेंद्र पांडेय सहित एक अन्य कर्मचारी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया हैं। तीनों आरोपी फिलहाल अभी भी जेल में हैं। मामले में आरोपियों के विरुद्ध 420,408,409,467,468,471,201,34 भादवि के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया हैं।
मवेशी बाजार वसूली राशि के गबन मामले में जब से विभागीय जांच में सीएमओ अनुभव सिंह को दोषी बताया गया हैं तब से वे किसी न किसी बहाने से छुट्टी लेते आये हैं। जब इस मवेशी बाजार वसूली में हुए गबन मामले में पुलिस द्वारा पहली गिरफ्तारी 25 जून को की गई तो उसके बाद से डेढ़ माह से अधिक समय से सीएमओ अनुभव अवकाश पर थे, हालांकि अनुभव सिंह के लंबे अवकाश को लेकर मुंगेली में तरह-तरह की चर्चाएं होती रही, दिनांक 22/08/2024 को छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन व विकास विभाग द्वारा सीएमओ का ट्रांसफर लिस्ट जारी किया गया, जिसमें मवेशी बाजार वसूली राशि के गबन के दोषी सीएमओ अनुभव सिंह को बिलासपुर जोन कमिश्नर बना राज्य सरकार उसे पुरस्कृत कर रही है।
मुंगेलीवासियों ने कहा कि जब भ्रष्टाचार को मुद्दा बना भाजपा सत्ता में आई हैं तो मुंगेली मवेशी बाजार में लाखों-करोड़ों के हुए भ्रष्टाचार पर सरकार गंभीर क्यों नहीं हैं, इस मामले में जब विभागीय जांच में सीएमओ अनुभव सिंह स्पष्ट तौर पे दोषी पाए गए हैं तो उन पर कार्यवाही क्यों अटकी हैं ? मुंगेलीवासियों ने आगे कहा कि भ्रष्टाचार में लिप्त सीएमओ अनुभव सिंह को शासन-प्रशासन बचाने में लगा हुआ हैं, ऐसे में विभागीय, नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव की कार्यशैली पर भी प्रश्न उठ रहा हैं, उनकी मंशा जानने जनता भी आतुर है। इसलिये मुख्यमंत्री को इस मामले तुरंत संज्ञान लेना चाहिए।
नगरपालिका में मवेशी बाजार की पंजीयन शुल्क की रसीद में कूटरचना करके बड़े घोटाले को अंजाम दिया गया है सरकार को राजस्व क्षति पहुंचाकर सिंडिकेट बनाकर लाखों-करोड़ो की राशि का बंदरबांट किया गया हैं। मामले की जाँच में जुटी पुलिस ने अब तक नगरपालिका के 3 अधिकारियों, कर्मचारी को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया हैं। नगरीय प्रशासन के उच्च स्तरीय जांच में सीएमओ अनुभव सिंह के खिलाफ दोष स्पष्ट हैं, लेकिन विभागीय कार्रवाई के नाम फाइल अधिकारियों के केबिनों में टेबल-टेबल घूम रही हैं, जिससे शासन प्रशासन भी शक के दायरे में हैं और अब अनुभव सिंह के ऊपर कार्यवाही होने के बजाय ट्रांसफर होने से राज्य शासन पर उंगलियां उठ रही हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित किया था, इस दौरान उन्होंने भ्रष्टाचार का जिक्र किया और इसके खिलाफ लड़ाई जारी रखने का संकल्प दोहराया। लेकिन छग सरकार भ्रष्टाचारियों पर कड़ी कार्यवाही करने के बजाय उन्हें पदोन्नति कर पुरस्कृत कर रही है।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा भ्रष्टाचार के खिलाफ जंग छेड़ एक स्वच्छ भारत की कल्पना की जा रही तो वहीं दूसरी ओर छत्तीसगढ़ राज्य की भाजपा सरकार भ्रष्टाचारियों को संरक्षण दे उनका मनोबल बढ़ा रही।



