बुलंद टाइम्स के लिए अनीष मिश्रा की रिपोर्ट
रायपुर। केरल का प्रसिद्ध एवं पावन पर्व Vishu आज रायपुर में दक्षिण भारतीय समाज द्वारा पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया जाएगा। इस अवसर पर शहर के आयप्पा मंदिर में भव्य पूजा-अर्चना, विशेष अनुष्ठान एवं धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।
विषु पर्व को केरल में नववर्ष के रूप में अत्यंत महत्व के साथ मनाया जाता है। इस दिन की शुरुआत प्रातःकाल ‘विषु कनी’ के दर्शन से होती है। ‘विषु कनी’ में भगवान के समक्ष फल, फूल, धान, नारियल, दीपक, सोना-चांदी एवं अन्य शुभ वस्तुएं सजाई जाती हैं। मान्यता है कि सुबह सबसे पहले इस शुभ दृश्य को देखने से पूरे वर्ष सुख-समृद्धि, खुशहाली और सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है।
रायपुर के आयप्पा मंदिर टाटीबंध में भी इस परंपरा को विशेष रूप से निभाया जाएगा। मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है और सुबह से ही श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला शुरू हो जाएगा। पूजा-अर्चना, मंत्रोच्चार एवं आरती के साथ भक्तिमय वातावरण निर्मित होगा, जिससे पूरे परिसर में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार होगा।
इस अवसर पर दक्षिण भारतीय समाज के लोग पारंपरिक वेशभूषा में उपस्थित होकर भगवान की आराधना करेंगे और अपने परिवार एवं समाज की सुख-समृद्धि की कामना करेंगे। साथ ही एक-दूसरे को ‘विशु आशंसकल’ कहकर शुभकामनाएं देंगे तथा प्रसाद वितरण किया जाएगा।
विषु का यह पावन पर्व न केवल एक धार्मिक आयोजन है, बल्कि यह नई शुरुआत, समृद्धि और सकारात्मकता का प्रतीक भी है, जो समाज में आपसी प्रेम, सौहार्द और सांस्कृतिक एकता को मजबूत करता है।





