अमित दुबे की रिपोर्ट:-
रतनपुर। धार्मिक नगरी रतनपुर में इन दिनों भक्ति और श्रद्धा का अनोखा माहौल देखने को मिल रहा है। वार्ड नंबर 2 में आयोजित काली महोत्सव में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु माता काली के दर्शन और आराधना के लिए पहुंच रहे हैं। भव्य साज-सज्जा, रोशनी और धार्मिक कार्यक्रमों से पूरा क्षेत्र देवीमय वातावरण में डूबा हुआ है।
काली महोत्सव का शुभारंभ विधिवत पूजन-अर्चन के साथ किया गया। मां काली की प्रतिमा को आकर्षक फूलों और विद्युत सजावट से सजाया गया है। रोजाना सुबह और शाम आरती के समय भक्तों की भीड़ मंदिर परिसर में उमड़ पड़ती है। स्थानीय युवा मंडल और वार्डवासियों के सहयोग से इस महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है।

महोत्सव समिति के सदस्यों ने बताया कि यह कार्यक्रम वर्षों से चली आ रही परंपरा का हिस्सा है। हर वर्ष दीपावली के बाद काली पूजा का आयोजन किया जाता है, जिसमें आसपास के गांवों और नगर के सैकड़ों श्रद्धालु शामिल होते हैं। इस बार आयोजन को और भी भव्य स्वरूप दिया गया है — मंचीय कार्यक्रम, भजन संध्या, सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और धार्मिक प्रवचन का आयोजन लगातार किया जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान वार्डवासियों और श्रद्धालुओं के लिए भोजन प्रसादी की भी व्यवस्था की गई है। कई सामाजिक संगठन इस आयोजन में सहयोग कर रहे हैं। महोत्सव स्थल पर सुरक्षा और व्यवस्था को बनाए रखने के लिए नगर पालिका और पुलिस प्रशासन की टीम भी सक्रिय है।

भक्तों ने बताया कि मां काली के दर्शन से उन्हें असीम शांति और ऊर्जा की अनुभूति होती है। कई श्रद्धालु संतान प्राप्ति, स्वास्थ्य, और सुख-समृद्धि की कामना लेकर पूजा में भाग ले रहे हैं।
महोत्सव समिति के अध्यक्ष ने बताया कि यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि लोगों को एकता, सहयोग और संस्कृति से जोड़ने का माध्यम भी बन गया है। आने वाले दिनों में विशाल भंडारा और शोभायात्रा का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें हजारों लोगों के शामिल होने की संभावना है।
रतनपुर वार्ड नंबर का यह काली महोत्सव अब नगर की पहचान बन चुका है — जहां हर वर्ष देवी भक्त भक्ति, उल्लास और श्रद्धा के साथ मां काली के दरबार में हाजिरी लगाते हैं।



