जशपुर | गौ तस्करी के खिलाफ जशपुर पुलिस का विशेष अभियान ‘ऑपरेशन शंखनाद’ लगातार जारी है। बीते चार दिनों में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल 95 नग गौवंशों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया है तथा दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। कार्रवाई पुलिस अधीक्षक (डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक) डॉ. लाल उमेद सिंह के नेतृत्व तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार पाटनवार के मार्गदर्शन में की गई।
लोदाम थाना क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई
12 फरवरी 2026 को थाना लोदाम पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि एक पिकअप वाहन में भारी मात्रा में गौवंशों की तस्करी की जा रही है तथा पुलिस को भ्रमित करने के लिए एक वैगनआर कार आगे-आगे रेकी कर रही है। सूचना पर ग्राम कोनबिरा में नाकाबंदी की गई।
संदिग्ध वैगनआर कार (क्रमांक JH-02-U-2163) को रोककर पूछताछ की गई, जिसमें साईं टांगर टोली निवासी 27 वर्षीय मुर्शीद आलम और 27 वर्षीय सर्वेज आलम सवार थे। पूछताछ में उन्होंने स्वीकार किया कि एक पिकअप वाहन (क्रमांक JH-07-1153) में गौवंश भरकर झारखंड की ओर ले जाया जा रहा है और वे रेकी कर रहे थे।
पुलिस ने घेराबंदी कर पिकअप वाहन को रोकने का प्रयास किया, लेकिन चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। तलाशी लेने पर पिकअप से 12 नग गौवंश बरामद किए गए। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। फरार चालक की पहचान कर ली गई है, जिसकी तलाश जारी है। तस्करी में प्रयुक्त दोनों वाहन जब्त कर लिए गए हैं।

ट्रक से 43 गौवंश बरामद, 20 की मौत
15 फरवरी की सुबह ग्राम पुत्रीचौरा स्थित बाला नदी के पास नेशनल हाईवे-43 पर एक संदिग्ध ट्रक (CG-14-MF-1376) से 43 गौवंश बरामद किए गए। इनमें से 20 गौवंशों की ट्रक में ही मृत्यु हो चुकी थी। शेष पशुओं का पशु चिकित्सक से परीक्षण कराया गया तथा मृत गौवंशों का पोस्टमार्टम कर विधिवत अंतिम संस्कार किया गया।
इसी दिन ग्राम जूरतेला में पैदल हांक कर ले जाए जा रहे 10 गौवंशों को भी मुक्त कराया गया। दोनों मामलों में आरोपी अंधेरे और जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गए। पुलिस उनकी तलाश कर रही है।
इन प्रकरणों में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)(क)(घ) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। ट्रक को भी जब्त कर लिया गया है।
सिटी कोतवाली जशपुर क्षेत्र में 25 गौवंश मुक्त
15 फरवरी की रात सिटी कोतवाली जशपुर पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम चेडेया के लावा नदी पुल के पास कुछ लोग गौवंशों को मारते-पीटते हुए झारखंड की ओर ले जा रहे हैं। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की, लेकिन आरोपी अंधेरे का लाभ उठाकर फरार हो गए। पुलिस ने मौके से 25 नग गौवंश सकुशल बरामद किए, जिनका स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया है।
इस मामले में भी छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर जांच जारी है।
एसएसपी का बयान
एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि गौ तस्करी के खिलाफ जशपुर पुलिस पूरी तरह संवेदनशील है। हालिया कार्रवाई में 95 गौवंशों को मुक्त कर दो तस्करों को जेल भेजा गया है तथा तस्करी में प्रयुक्त तीन वाहनों को जब्त किया गया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि गौ तस्करी में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और ‘ऑपरेशन शंखनाद’ आगे भी जारी रहेगा।



