अमित दुबे की रिपोर्ट :-
रतनपुर (बिलासपुर)। नए वर्ष की शुरुआत के साथ ही रतनपुर पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के विरुद्ध सख्त, निर्णायक और आक्रामक अभियान छेड़ दिया है। जिले में बढ़ते अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने एवं समाज को नशामुक्त बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे इस विशेष अभियान के तहत थाना रतनपुर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कच्ची महुआ शराब की तस्करी में संलिप्त एक महिला शराब कोचिया को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
पुलिस विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर रजनेश सिंह द्वारा जिले के सभी थाना प्रभारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि नशे के कारोबार से जुड़े किसी भी व्यक्ति को बख्शा न जाए और उनके विरुद्ध कठोरतम कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इन्हीं निर्देशों के पालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) अर्चना झा एवं अनुविभागीय अधिकारी पुलिस कोटा नुपूर उपाध्याय के कुशल मार्गदर्शन में थाना रतनपुर पुलिस द्वारा एक विशेष टीम का गठन किया गया।
विशेष टीम को मुखबिर के माध्यम से पुख्ता सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम लखराम में एक महिला द्वारा अवैध रूप से कच्ची महुआ शराब का भंडारण एवं बिक्री की जा रही है। सूचना की तस्दीक के बाद पुलिस टीम ने सुनियोजित तरीके से मौके पर दबिश दी। दबिश के दौरान सुकृति वर्मा, पति राधेश्याम वर्मा, के घर की तलाशी ली गई, जहां से 10.500 लीटर कच्ची महुआ शराब बरामद की गई।
जब्त शराब की अनुमानित कीमत 1050 रुपये आंकी गई है।
पुलिस ने मौके पर ही अवैध शराब को विधिवत जब्त करते हुए आरोपिया के विरुद्ध आबकारी अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध किया। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूर्ण करने के उपरांत महिला आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
इस सराहनीय कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक निलेश पाण्डेय, दिनेश तिवारी, दिनेश कांत, आरक्षक आकाश डोंगरे, देवानंद चन्द्राकर तथा महिला आरक्षक अंजेला खलखो की महत्वपूर्ण और सक्रिय भूमिका रही।
रतनपुर पुलिस ने आमजन से अपील की है कि नशे के अवैध कारोबार, शराब बिक्री या तस्करी से संबंधित किसी भी प्रकार की जानकारी निर्भीक होकर पुलिस को दें। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि क्षेत्र को नशामुक्त बनाने के उद्देश्य से ऐसे अभियान भविष्य में भी लगातार जारी रहेंगे और कानून का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जाएगी।



