बब्बी शर्मा संभाग सरगुजा ब्यूरो : –
मनेंद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर| खडगवा जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत सकरिया में पदस्थ रोजगार सहायक की नियुक्ति ग्राम सकरिया में दिनांक 31/1/2013 को रोजगार सहायक के पद पर नियुक्ति हुई थी। नियुक्त रोजगार सहायक ग्राम पंचायत सकरिया धमेंद्र कुमार साहू आत्मज मोहरलाल साहू जनपद पंचायत खड़गवां जिला कोरिया का मूल निवासी हैं। उसके द्वारा दिनांक 28/7/2012 को डी. एड.की पढ़ाई ( नियमित) रुप से पहले दाखिला लिया गया था और उसके बाद ग्राम सकरिया में दिनांक 31/01/2013 को रोजगार सहायक के पद पर नियुक्ति हुई जो आज भी कार्यरत हैं।
इस रोजगार सहायक धमेंद्र कुमार साहू ने डी0 एड0 की नियमित पढ़ाई और नौकरी एक साथ एक समय में किया गया है और रोजगार सहायक का कार्य भी किया जा रहा है जो शासन के नियम के विरुद्ध है। जबकि शिकायत कर्ता ने इस संबंध में कोरिया कलेक्टर के जन दर्शन में और मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत कोरिया को कोई शिकायत प्रेषित की है एवं जनपद पंचायत खड़गवां को कई शिकायत किया गया है|
जिसकी जांच जनपद पंचायत खड़गवां के तात्कालिक सीईओ ने भी सही तरीके से नहीं की गई जबकि जनपद सीईओ ने रोजगार सहायक ग्राम पंचायत सकरिया को पत्र के माध्यम से जवाब मांगा था और रोजगार सहायक ने अनुमति का आवेदन भी किया था मगर रोजगार सहायक ने अपने आवेदन में अनुमति का उल्लेख किया गया है वो जनपद पंचायत खड़गवां के सीईओ के द्वारा अनुमति नहीं दिया गया है|
और रोजगार सहायक के द्रारा जिस दिनांक से अनुमति लेने का आवेदन किया है और जनपद पंचायत खड़गवां के सीईओ ने अनुमति दिया है उसी दिनांक से रोजगार सहायक के द्रारा ग्राम पंचायत सकरिया में काम करने की हाजरी लगी है और जनपद पंचायत खड़गवां मनरेगा से वेतन भी प्राप्त किया गया है तो अनुमति कैसी प्राप्त हुई थी और तात्कालिक जनपद पंचायत खड़गवां के सीईओ ने इस रोजगार सहायक धमेंद्र कुमार साहू के दस्तावेजों की क्या जांच की जनपद पंचायत खड़गवां के तात्कालिक सीईओ के द्रारा किए गए|
जांच पर सवाल खड़े हो रहे हैं? सूत्रों से ये जानकारी मिल रही है की जनपद पंचायत खड़गवां के सीईओ जो इस जांच के जिम्मेदार अधिकारी थे और उनके द्वारा इस तरह की जांच में कर शिकायतकर्ता को गुमराह और भ्रमित कर गलत तरीके से पद प्राप्त किए हुए रोजगार सहायक को भ्रष्टाचार करने का बढ़ावा दे रहे हैं। क्या इस शिकायत की पुनः जांच की जाएगी? क्या शिकायतकर्ता को उसकी शिकायत पर उसे न्याय मिलेगा या ये भी लेनदेन कर ठंडे बस्ते को समर्पित कर दिया जाएगा?



